Friday, 27 July 2018

मैं और तुम।

तुम्हें प्यार करना,
तुम्हारे साथ रहना,
तुम्हारी खुशी में,
मझको ढुंढु, मै भी तुम्हीं मे।
समझ के परे है,
हमारी मुहब्बतों की कहानी।
मेरी तुम्हारी,
तुम्हारी, मेरी जुबानी।

~रवि वर्मा

@love your self
@rvverma.blogspot.com

No comments:

Post a Comment

शिक्षक वो नाम है, शिक्षा जिसकी पहचान है

पंख लगाकर चाहतो का, उड़ान हमें सिखाते हैं। राह-ए-मंजिल, हर सफ़र में, हमको वही दिखाते हैं। बचपन से वो साथ हमारे लिखते हैं मिटाते है...